Aroma Therapy Koi Or Nahi, Dadi-Nani Ka Nuskha hai I NightBulb Hindi

एरोमा थैरेपी कुछ और नहीं, दादी-नानी का नुस्खा है

एरोमा थैरेपी कोई और नहीं, दादी-नानी का नुस्खा है

अगर आपकी नानी आपको लंबे काले घने बालों के लिए नारियल का तेल लगाने की सलाह दे और दादी आपको गर्मी में संतरा खाने और उसके छिलके को स्कीवज करने की सलाह दे तो नाक भौं मत सिकोड़ें। क्योंकि ये नारियल का तेल और संतरे की खुशबू आपको तरोताजा रखने में मदद करते हैं। कुछ ऐसे ही कई उपचारों की जानकारियां हर परिवार में दादी या नानी बताती हैं। वैसे तो इसे भारतीय परंपरा में नुस्खा कहा गया है लेकिन मॉर्डन सोसाइटी में इसका नाम एरोमा थैरेपी हो गया है।

आइए जानते हैं क्या है एरोमा थैरेपी या फिर कहें दादी और नानी के वो नुस्खे जिनसे आप आम दिनों में होने वाली छोटी मोटी स्वास्थय संबंधी परेशानियों से छुटकारा पा सकते हैं।

कंपनी तेल की बजाय प्रयोग करें हर्बल तेल

हर्बल और खुशबूवाले तेल न केवल विभिन्न प्रकार की बीमारियों से निजात दिलाते हैं बल्कि आपको पूरा दिन तरोताजा रखते हैं। यह स्किन के लिए भी बहुत अच्छे होते हैं। इस खुशबूदार हर्बल ट्रीटमेंट को भी मॉर्डन सोसाइटी में एरोमा थैरेपी के नाम से जाना जाता है।

कृष्णा तुलसी यानी काली तुलसी और संतरे के छिलकों से मिटता है डिप्रेशन

जैसे जैसे अर्बन लाइफस्टाइल में टेंशन, डिप्रेशन और विभिन्न प्रकार की बीमारियां जगह बनाती जा रही हैं। इसके साइड इफेक्ट बढ़ रहे हैं।लोग एल्टरनेटिव मेडिसिन में अपनी तंदुरुस्ती की तलाश कर रहे हैं। इस मेडिसिन के मॉडर्न मेडिसिन की तरह कोई साइड इफेक्ट नहीं हैं और ये मेडिसिन आपकी बीमारी दूर करने के साथ साथ आपकी स्किन को भी खूबसूरत बनाती हैं।आम जिंदगी में तुलसी, जिसे पूजा के लिए प्रयोग करते हैं वह एनशिएंट इंडियन मेडिसिन में एंटी बायोटिक के रूप में प्रयोग किया जाता था। कृष्णा तुलसी मेमोरी पावर को बढ़ाती है और जब आप बहुत डिप्रेस महसूस कर रहें हों तो संतरे के छिलके को अपनी नाक के आगे निचोड़े आपको फर्क तुरंत महसूस हो जाएगा।

यूकोलिप्टस से होती है सर्दी छूमंतर

एरोमा थैरेपी कुछ और नहीं हमारे वेद में लिखी और दादी नानी के नुस्खे से भरपूर रेमेडी है जिसे हम भूल चुके थे। लेकिन मॉर्डन लाइफस्टाइल में जब मॉडर्न मेडिसिन बीमारी ठीक करने के बजाए उन्हें और बीमार कर रही है तो ऐसे में अल्टरनेटिव मेडिसिन लोगों को खूब आकर्षित कर रहे हैं। इसी लिए आपको सर्दी हो गई है तो यूकोलिप्टस के पत्ते को निचोड़कर अपनी नाक, सिर और चेस्ट पर लगाएं। सर्दी देखते देखते छूमंतर हो जाएगी। ऐसी ही कई जानकारी टेलीविजन, रेडियो और समाचार पत्रों में समय समय पर सुनने और पढ़ने को मिल जाती है।

जेसमिन तेल से आता है कॉन्फीडेंस

जिन्हें हम यूजलेस प्लांट समझते हैं असल में वही प्लांट सबसे ज्यादा इफेक्टिव है। एरोमा थैरेपी तीन तरह से काम करती है और यह डायबटीज, ब्लड प्रेशर, महिलाओं को होने वाली बीमारी, सिरदर्द, डिप्रेशन और ब्यूटी एंड स्किन ट्रीटमेंट में काफी इफेक्टिव है। जेसमिन तेल की मसाज जहां आपको कॉन्फीडेंस देती है, वहीं गुलाब त्वचा के लिए काफी लाभदायक है। कृष्णा तुलसी यद्दाश्त को बढ़ाती है तो डायबटीज को कंट्रोल करने के लिए जूनियर बेरी का तेल और ब्लडप्रेशर को कंट्रोल करने के लिए याल्ंग याल्गं फायदे मंद होता है।

Image Source: remedialmassagemk.co.uk

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